देहरादून सचिवालय में आयोजित सचिव समिति की बैठक में उत्तराखंड के मुख्य सचिव आनन्द बर्द्धन ने सभी विभागीय सचिवों को बाह्य सहायतित योजनाओं के तहत आगामी तीन वर्षों की विस्तृत कार्ययोजना तैयार कर प्रस्ताव प्रस्तुत करने के निर्देश दिए।

मुख्य सचिव ने वित्तीय प्रबंधन को निर्धारित मानकों और नियमों के अनुरूप सुनिश्चित करने पर जोर दिया। उन्होंने सभी विभागों को अपनी संपत्तियों की इन्वेंट्री तैयार करने, आधुनिक तकनीक के माध्यम से उनके संरक्षण की व्यवस्था करने तथा संपत्तियों का अद्यतन विवरण उपलब्ध कराने के निर्देश दिए।
बैठक में विभागीय कार्यप्रणाली में सुधार, सेवाओं की गुणवत्ता बढ़ाने और लोकहित से जुड़ी नई योजनाओं के प्रस्ताव तैयार करने पर भी बल दिया गया। अवस्थापना विकास से संबंधित परियोजनाओं के लिए व्यापक अध्ययन (कम्प्रीहेंसिव स्टडी) की आवश्यकता बताई गई।
राज्य के पुराने अभिलेखों के डिजिटलीकरण को प्राथमिकता देते हुए मुख्य सचिव ने सभी प्रमुख रिकॉर्ड रखने वाले विभागों और संस्थानों से समन्वय स्थापित कर अभिलेखों की उपलब्धता सुनिश्चित करने को कहा।
कृषि क्षेत्र में ‘एग्री स्टैक इन उत्तराखंड’ के अंतर्गत डिजिटल क्रॉप सर्वे और फार्मर रजिस्ट्री की प्रक्रिया में तेजी लाने के निर्देश भी दिए गए।
बैठक में सभी प्रमुख सचिव, सचिव, आयुक्त और जिलाधिकारी वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से उपस्थित रहे।




