रुद्रपुर : रुद्रपुर के गांधी मैदान में आयोजित ‘खेत बचाओ अभियान’ कार्यक्रम में किसानों के हित में कई बड़ी घोषणाएं की गईं। कार्यक्रम का शुभारंभ केंद्रीय कृषि एवं कृषक कल्याण मंत्री Shivraj Singh Chouhan, मुख्यमंत्री Pushkar Singh Dhami, कृषि मंत्री Ganesh Joshi और प्रभारी मंत्री Pradeep Batra ने दीप प्रज्ज्वलित कर किया। इस दौरान प्रदेश को ₹369.66 करोड़ की विकास योजनाओं की सौगात दी गई, जिसमें ₹46.32 करोड़ की परियोजनाओं का लोकार्पण और ₹323.34 करोड़ की परियोजनाओं का शिलान्यास शामिल रहा।



कार्यक्रम को संबोधित करते हुए केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि “जब खेत बचेंगे, तभी जमीन बचेगी और जब जमीन बचेगी, तभी जीवन सुरक्षित रहेगा।” उन्होंने कहा कि भूमि केवल उत्पादन का माध्यम नहीं, बल्कि हमारी धरती माता है, जिसकी रक्षा करना हम सभी का कर्तव्य है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत कृषि क्षेत्र में लगातार नए कीर्तिमान स्थापित कर रहा है और आज देश चावल उत्पादन में विश्व में प्रथम स्थान पर पहुंच चुका है।



शिवराज सिंह चौहान ने उत्तराखंड के किसानों के लिए कई बड़ी घोषणाएं करते हुए कहा कि मुक्तेश्वर में सेब, अखरोट और बादाम जैसे उच्च गुणवत्ता वाले फलदार पौधों के उत्पादन के लिए ₹100 करोड़ की लागत से क्लीन प्लांट सेंटर स्थापित किया जाएगा। उन्होंने कहा कि चौबटिया, अल्मोड़ा में ₹15 करोड़ की लागत से सेंटर ऑफ एक्सीलेंस बनाया जाएगा और न्यूजीलैंड के सहयोग से कीवी उत्पादन को बढ़ावा देने के लिए ₹15 करोड़ की विशेष कार्ययोजना लागू की जाएगी। इसके अलावा, बड़ी नर्सरी स्थापित करने वालों को ₹4 करोड़ और छोटी नर्सरी स्थापित करने वालों को ₹2 करोड़ तक की सहायता दी जाएगी।


केंद्रीय मंत्री ने कहा कि जंगली जानवरों से फसलों की सुरक्षा के लिए घेरबाड़ कार्य हेतु ₹65 करोड़ उपलब्ध कराए जाएंगे, जबकि किसानों को समय पर मौसम की सटीक जानकारी उपलब्ध कराने के लिए प्रदेश में ₹104 करोड़ की लागत से ऑटोमैटिक वेदर स्टेशन स्थापित किए जाएंगे। उन्होंने किसानों से मृदा परीक्षण के आधार पर उर्वरकों का उपयोग करने और प्राकृतिक एवं जैविक खेती को अपनाने का आह्वान किया।
वहीं, मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि “खेत बचाओ अभियान” केवल एक सरकारी कार्यक्रम नहीं, बल्कि आने वाली पीढ़ियों के सुरक्षित भविष्य का जनआंदोलन है। उन्होंने कहा कि स्वस्थ किसान, स्वस्थ मिट्टी और स्वस्थ कृषि व्यवस्था ही विकसित भारत और विकसित उत्तराखंड की मजबूत नींव है। मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार किसानों को ₹3 लाख तक का ब्याजमुक्त कृषि ऋण उपलब्ध करा रही है, जबकि नहरों से सिंचाई की सुविधा निःशुल्क दी जा रही है और कृषि यंत्रों पर 80 प्रतिशत तक अनुदान दिया जा रहा है।


मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखंड में पॉलीहाउस, कोल्ड स्टोरेज, कोल्ड चेन, सीए स्टोरेज और मेगा फूड पार्क जैसी सुविधाओं का तेजी से विस्तार किया जा रहा है, ताकि किसानों को उनकी उपज का बेहतर मूल्य मिल सके। उन्होंने किसानों से प्राकृतिक खेती अपनाने, मिट्टी के स्वास्थ्य की रक्षा करने और आने वाली पीढ़ियों के लिए उपजाऊ भूमि को सुरक्षित रखने का संकल्प लेने का आह्वान किया।




