विश्व पर्यावरण दिवस पर आईआईटी रुड़की में साइक्लोथॉन और वृक्षारोपण, 500 से अधिक छात्रों ने लिया हिस्सा

June 5, 2026 1:39 PM

रुड़की- विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर आईआईटी रुड़की में गंगेय फाउंडेशन और आईआईटी रुड़की स्पोर्ट्स काउंसिल के संयुक्त तत्वावधान में “सेव फ्यूल” थीम पर भव्य साइक्लोथॉन और वृक्षारोपण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य ईंधन संरक्षण, पर्यावरण सुरक्षा और सतत जीवनशैली के प्रति जागरूकता बढ़ाना था। साइक्लोथॉन में आईआईटी रुड़की के 500 से अधिक छात्र-छात्राओं ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।

कार्यक्रम का शुभारंभ आईआईटी रुड़की के निदेशक प्रो. के.के. पंत ने हरी झंडी दिखाकर किया। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि विश्व पर्यावरण दिवस पर्यावरण संरक्षण के प्रति सामूहिक संकल्प को मजबूत करने का अवसर है। उन्होंने युवाओं से अधिक से अधिक पौधे लगाने और उनके संरक्षण का आह्वान करते हुए प्रधानमंत्री के “एक पेड़ मां के नाम” अभियान का भी उल्लेख किया।

आईआईटी रुड़की के स्पोर्ट्स हेड प्रो. ए.के. पांडे ने कहा कि बढ़ता वायु प्रदूषण, ऊर्जा संकट और जीवाश्म ईंधनों पर बढ़ती निर्भरता गंभीर चुनौती बन चुकी है। ऐसे में साइकिल जैसे पर्यावरण-अनुकूल साधनों को अपनाकर न केवल प्रदूषण कम किया जा सकता है, बल्कि स्वस्थ समाज के निर्माण में भी योगदान दिया जा सकता है। उन्होंने बताया कि कार्यक्रम के अंतर्गत 100 से अधिक पौधों का रोपण भी किया गया।

स्पोर्ट्स चेयरमैन प्रो. भानू वालन्की ने कहा कि “सेव फ्यूल” थीम पर आधारित यह आयोजन युवाओं और समाज को पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूक करने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल है। उन्होंने कहा कि साइकिल के उपयोग से ईंधन की खपत और कार्बन उत्सर्जन दोनों में कमी लाई जा सकती है।

इस अवसर पर गंगेय फाउंडेशन ने आईआईटी रुड़की परिसर को 100 से अधिक पौधे भेंट किए। फाउंडेशन के संस्थापक गिरिजांश गोपालन ने कहा कि जलवायु परिवर्तन की चुनौती से निपटने के लिए युवाओं को आगे आना होगा। उन्होंने कहा कि पर्यावरण संरक्षण प्रत्येक नागरिक की जिम्मेदारी है और जितने पेड़ काटे जाते हैं, उससे अधिक पौधे लगाकर उनका संरक्षण करना समय की मांग है।

कार्यक्रम के दौरान छात्रों, शिक्षकों और कर्मचारियों ने पर्यावरण संरक्षण, स्वच्छ ऊर्जा और हरित जीवनशैली अपनाने का संकल्प लिया। विश्व पर्यावरण दिवस पर आयोजित यह कार्यक्रम पर्यावरण संरक्षण के प्रति जनभागीदारी और सामूहिक जिम्मेदारी का प्रेरणादायक उदाहरण बनकर उभरा।

Join WhatsApp

Join Now

Join Telegram

Join Now

Leave a Comment